Wednesday, 29 September 2010

एक नया दिखावा

एक नया दिखावा

Hello दोस्तों,
    बहुत दिनों से हमारे शहर "जबलपुर" में एक नया दिखावा सुर्ख़ियों में है.  यहाँ के एक प्रतिष्ठित अखबार में हर रोज आ रहा है कि "आज कुछ लोगों ने मिलकर गुटखे, पान मसाला इत्यादि के पाउच के विरोध में प्रदर्शन किया. उनमे अधिकांशतः युवा वर्ग का योगदान देखने को मिलता है". वैसे कहा जाए तो ये जो हो रहा है वो सब अच्छा ही हो रहा है... पर क्या ये एक प्रकार का दिखावा नहीं है ? क्योंकि इस विरोध में शामिल युवा वर्ग के लगभग सभी सदस्य चोरी छुपे इसी पान मसाले - गुटखे वगैरह के साथी भी हैं.. मेरा मतलब है कि ये लोग एक तरफ तो इन जहरीली वस्तुओं का चोरी छुपे सेवन करते हैं, और दूसरी तरफ ये इन चीजों का विरोध भी करते नज़र आते हैं... आज कल जहाँ सब कुछ झूठी लोकप्रियता के लिए किया जा रहा है, तो कोई ये कैसे मान ले कि ये लोग जो कुछ भी कर रहे हैं वो बस निःस्वार्थ भाव से किया जा रहा है.. और इसमें शामिल एक भी व्यक्ति ने कभी इन जहरीले पदार्थों का एक भी बार सेवन ना किया हो...
   मेरा बस इतना कहना है कि अगर विरोध ही करना है तो जनहित में हाई कोर्ट या सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर के इन पर बैन लगाया जाए... ये दिखावा करने से अब किसी को कोई फर्क नहीं पड़ता.. बस जो दिखावा कर रहा है उसे थोड़ी सी लोकप्रियता जरूर मिल जाती है... 
  और एक बात और, अगर मेरी बातों ने किसी को थोडा भी आहात किया हो.. तो मैं दिल से माफ़ी माँगता हूँ, पर इस आजाद देश में मुझे भी अपनी बात कहने का हक़ है तो मैंने ये बात कहना ठीक समझा... आशा करता हूँ कि आप लोगों को भी ये बात समझ आई होगी.. 
"देश को अपनों ने ही आज घेर लिया है,
और आप कहते हो कि इसे गैरों ने बर्बाद किया है ?"

- आपका 
महेश बारमाटे
(माही)

11 comments:

  1. बहुत सही लिखा है|.

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  2. बहुत ही शानदार लेख है। अच्छा लिख रहे है आप। इसी तरह लिखते रहे। बहुत-बहुत बधाई।

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    तपा सके अगर सोना तो ह्दय में अगन होनी चाहिये।.........कविता
    को पढ़कर अपने विचार व्य्क्त करने के लिए आप सादर आमंत्रित है।

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  3. yah baat sach hai ki sasti lokpriyata ke liye kuchh log aise dikhawe karte hain.lekin saare log ek jaise nahin hote aur kam se kam is tarah ke aayojano se ek maahol to banta hi hai.

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  4. अच्छी सोच अहि आपकी........ऐसी सोच की हमारे देश को ज़रुरत है........शुभकामनाये

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  5. ब्लाग जगत की दुनिया में आपका स्वागत है। आप बहुत ही अच्छा लिख रहे है। इसी तरह लिखते रहिए और अपने ब्लॉग को आसमान की उचाईयों तक पहुंचाईये मेरी यही शुभकामनाएं है आपके साथ
    ‘‘ आदत यही बनानी है ज्यादा से ज्यादा(ब्लागों) लोगों तक ट्प्पिणीया अपनी पहुचानी है।’’
    हमारे ब्लॉग पर आपका स्वागत है।

    मालीगांव
    साया
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  6. Dhanyawaad aap sabhi ka... jo aap sabhi ne mere vichaaron pe apne vichaar vyakt kare... :)

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  7. sahi vishay par baat ki aapne.....
    yahi hakikat hai...

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  8. हिंदी ब्लाग लेखन के लिए स्वागत और बधाई
    कृपया अन्य ब्लॉगों को भी पढें और अपनी बहुमूल्य टिप्पणियां देनें का कष्ट करें

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  9. इस सुंदर से चिट्ठे के साथ हिंदी ब्‍लॉग जगत में आपका स्‍वागत है .. नियमित लेखन के लिए शुभकामनाएं !!

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